अपना लक्ष्य बिल्कुल साफ करें:
आप क्या चाहते हैं, क्यों चाहते हैं और कब लक चाहते हैं, ये तीन बातें लिख लें। जितनी स्पष्टता, उतनी तेज गति।
छोटे-छोटे हिस्सों में बांटें:
बड़ी मंजिल डराती है, छोटे कदम नहीं। लक्ष्य को 5-10 छोटे टुकड़ों में बांट दें।
दिन का 1 छोटा टास्क तय करें;
हरदिन कोई छोटा काम पूरा करें, चाहेउसे करने का मन हो या न हो।
बहानों को तुरंत पकड़ें:
जब भी मन कहेकल करूंमा, उसी वक्त 5 मिनट का 04 छोटा एक्शन लें। ऐसा करना आपके बहानों को कमजोर करता है।
सीखते रहें, रुकें नहीं:
गलतियां हों तो घबराएं नहीं। हर गलती आपके अगले कदम को सही बनाती है।
जरूरत हो तो मदद मांगें;
दोस्त, गुरु या सहकर्मी से मिली हुई सही सलाह आपका रास्ता छोटा कर देती है।
हफ्ते में रिव्यू करें;
संडे या किसी दिन रिव्यू करें, क्या काम कर रहा ह
-छोटी जीतों का जश्न मनाएं।
हरकदम पूरा होते ही खुद को शाबाशी दें। इससे ऊर्जा बनी रहती है और लक्ष्य की और गति तेज होती है।
'एग्जीक्यूशन साथी बनाएं:
कोई सहकर्मी चुनें जो आपका टास्क रोज या हप्ते में 1 बार चेक करें।
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